जलगांव, 8 अप्रैल 2026 – सकल ब्राह्मण समाज की एकता का प्रतीक बनने वाला भगवान श्री परशुराम जन्मोत्सव 2026 इस बार जलगांव में भव्य रूप से आयोजित किया जा रहा है, जिसकी तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। बहुभाषिक ब्राह्मण संघ के तत्वावधान में लगातार 17वें वर्ष यह उत्सव बड़े उत्साह और विविध सामाजिक-धार्मिक कार्यक्रमों के साथ मनाया जाएगा।
समाज को एकजुट करने के उद्देश्य से शुरू हुए इस आयोजन को हर वर्ष व्यापक समर्थन मिल रहा है। जलगांव से शुरू हुई यह पहल अब पूरे महाराष्ट्र में फैल चुकी है और अलग-अलग शाखाओं, भाषाओं और मतभेदों को पीछे छोड़कर एक मंच पर आने का संदेश देती है।
इस वर्ष आयोजन को सफल बनाने के लिए 400 से अधिक स्वयंसेवक श्रमदान कर रहे हैं, वहीं दानदाताओं के सहयोग से कार्यक्रम का दायरा और भी बड़ा हो गया है। कार्यक्रम की शुरुआत 5 अप्रैल को रक्तदान शिविर से हो चुकी है।
आगामी रविवार, 12 अप्रैल को शाम 5 बजे महाबळ चौक से एक भव्य मोटरसाइकिल रैली निकाली जाएगी, जो शहर के प्रमुख मार्गों से होकर पुलिस मल्टीपरपज हॉल तक पहुंचेगी। इसके बाद शाम 7 बजे दानदाताओं और श्रमदाताओं का सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा।
मुख्य कार्यक्रम रविवार, 19 अप्रैल को होगा। सुबह 9 बजे ग्रामदैवत श्री राम मंदिर में भगवान परशुराम का पूजन किया जाएगा, जबकि दोपहर 4:30 बजे सुभाष चौक से भव्य शोभायात्रा निकलेगी। इस शोभायात्रा में भगवान परशुराम का आकर्षक रथ, ढोल-ताशा, लेझीम, दांडिया दल और महिलाओं द्वारा तलवारबाजी व दांडपट्टा प्रदर्शन विशेष आकर्षण होंगे। हजारों लोगों की भागीदारी वाली यह शोभायात्रा शिवतीर्थ पर समाप्त होगी।
हर साल कुछ नया करने की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस बार आयोजन समिति ने पारंपरिक निमंत्रण पत्र की जगह 28 पृष्ठों की मराठी नववर्ष दिनदर्शिका प्रकाशित की है। इसमें शास्त्रसम्मत तिथियों के साथ ब्राह्मण समाज की विभिन्न कुल परंपराओं और सामाजिक जानकारी को शामिल किया गया है, जिसे हर घर तक पहुंचाया जा रहा है।
संघ के अध्यक्ष एडवोकेट ओम त्रिवेदी ने समाज के लोगों से अपील की है कि वे “परशुराम दूत” बनकर बड़ी संख्या में शोभायात्रा में शामिल हों। साथ ही उन्होंने बताया कि वर्षभर छत्रपति संभाजी महाराज नाट्यगृह और गंधे सभागृह में विभिन्न व्याख्यान और सामाजिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
इस आयोजन को लेकर पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समाज के लोगों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है और सभी लोग इसे सफल बनाने के लिए जुटे हुए हैं।